बदायूं। जिले में किन्नरों का विवाद एक बार फिर सामने आया है। जिले के दिधौनी गांव से महाशिवरात्रि का मेला करके वापस लौट रहे चार किन्नरों को उझानी के रहने वाले किन्नरों ने ने बिल्सी के ब्लाक अंबियापुर के समीप पकड़ लिया और चारों की पिटाई लगाने के बाद उन्हें गाड़ी में डालकर उझानी ले आए जहां उनकी जमकर पिटाई की गई और चारों के बाल काट दिए। पीड़ित किन्नरों ने मौका देखकर पुलिस को सूचना दी जिससे पुलिस उझानी स्थित किन्नरों के घर पहुंची और चारों किन्नरों को बंधन मुक्त कराया। इस मामले ने एक पक्ष ने बिल्सी तो दूसरे पक्ष ने उझानी पुलिस को तहरीर दी है।
बताते हैं कि किन्नर संगठन के कुंवरगांव निवासी वरिष्ठ किन्नर रज्जों के चार शिष्य बबलू, मुस्कान, किशन विनीता सोमवार की सुबह दिधौनी गांव में लगे मेले में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेकर वापस बदायूं जाने के लिए टैम्पो से बिल्सी आ रहे थे इसी दौरान ब्लाक अम्बियापुर के समीप उझानी निवासी कुछ किन्नरों ने चारों को पकड़ लिया। किन्नरों का आरोप है कि उझानी निवासी किन्नरों ने चारों के साथ मारपीट करते हुए अपनी गाड़ी में डाल लिया और उझानी तक पिटाई लगाते हुए लाए। पीड़ित किन्नरों का आरोप है कि उझानी लाकर उनकी जमकर पिटाई की गई और अपमान स्वरूप उन सभी के बाल तक काट दिए गए।
पीड़ित किन्नरों का कहना है कि उन्होंने किसी तरह एक फोन मिल गया और उन्होंने पुलिस को फोन किया। बताते है कि जब पुलिस उझानी के मौहल्ला गंगा नामक किन्नर के घर पहुंची और चारों को बंधन मुक्त कराया, इस दौरान एक पक्ष ने नकदी और जेवर लूट का भी आरोप लगाया। बताते है कि बंधन मुक्त होने के बाद चारों ने अपने गुरु को घटना के बारे में जानकारी दी जिस पर गुरु रज्जो किन्नर ने बिल्सी पहुंच कर पुलिस को तहरीर दी फिर उझानी पहुंच कर कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर गंगा नामक किन्नर पर गंभीर आरोप लगाएं।
बताते है कि पुलिस ने चारों किन्नरों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा जहां से सभी को मेडीकल के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। इधर गंगा किन्नर ने भी उझानी पुलिस को तहरीर दी है। इस मामले में जानकारी करने पर प्रभारी निरीक्षक प्रवीन कुमार ने बताया कि किन्नरों का आपसी विवाद है और मुकदमा लिखा जा रहा है। जब उनसे पूछा गया कि वादी कौन है जिसे इंस्पेक्टर नही बता सके। अभिनव सक्सेना की रिपोर्ट




